एटीएम मशीन के द्वारा ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह राजगढ़ में गिरफ्तार


राजगढ़। पुलिस ने  atm के द्वारा बैंक खाते से रुपये निकालकर जनता के  साथ अलग अलग शहरों में ठगी करबे वाले गिरोह को  पकड़ने में सफलता हासिल की है। जिनसे  चार पहिया वाहन सहित लाखों रुपये बरामद किए गए है। आगे उनसे ओर ठगी की जानकारी के लिए पूछताछ की जा रही है। करोड़ों रूपयों की धोखाधड़ी को देश के ही कई शहरों में रहने वाले कुख्यात सायबर अपराधी अंजाम दे रहे हैं। प्रदेश मै सायबर अपराधों के चलते लगातार जनता का पैसा धोखाधडी के जरिये निकाला जा रहा है और लोगों को ठगी का शिकार बनाया जा रहा है। सायबर अपराधी धोखाधड़ी के नये नये तरीके अख्तियार कर लोगों को ठग रहे हैं। राजगढ़  मशीन ने एक ऐसे ही गिरोह को पकड़ने में सफलता मिली है। एटीएम में छेड़खानी कर लोगों को ठगी का शिकार बनाने वाले अंतर्राज्यीय ठग गिरोह के सदस्य पुलिस ने गिरफ्तार किया है।आरोपी मूल रूप से बिहार के,रहने वाले हैं। यह लोग एटीएम मशीन में डिवाईस लगाकार कार्ड क्लोनिंग के घटना को अंजाम देते थे। पुलिस के द्वारा की गई पूछताछ में लाखों रूपयों की धोखाधड़ी कबूली है। इनसे अभी वाहन सहित कुल 6 लाख 16 हजार का जब्त किये गए है।


            वहीं जिले की पुलिस ने काफी प्रयासों के बाद सायबर अपराधियों के एक अंतर्राज्यीय गिरोह के सदस्यों को गिरफतार करने में बहुत बड़ी सफलता अर्जित की है। कोतवाली क्षेत्रांतर्गत फरियादियों की सूचना पर प्रकरण पंजीबद्ध किया गया था जिसमें धोखाधड़ी कर एटीएम से पैसे निकालने के संबंध में सूचना दी गई थी, अज्ञात आरोपियों के विरूद्ध प्रकरण पंजीबद्ध होने के बाद जिले की सायबर टीम अपने काम में जुट गई और परत दर परत जो मामला सामने आया वह चौंकाने वाला था। एटीएम को बदलकर पैसों की निकासी के बारे में कई लोगों से साथ पूर्व में घटनाएं घट चुकी हैं और काफी पैसों का आहरण भी किया गया है परन्तु यहां मामला कुछ और ही निकला अब सायबर अपराधी एटीएम को बदलने की स्कीम को दरकिनार कर सीधे एटीएम मशीन में ही डिवाइस लगाकर लोगों को करोड़ों रूपयों का चूना लगा रहे हैं, और उनके खाते से रकम उड़ा रहे है, इस घटना को इतने शातिराना तरीके से अंजाम दिया गया था कि फरियादी इसके बारे में पता लगा ही नहीं सकते सायबर पुलिस को भी अपराधियों की तह तक जाने में काफी मशक्कत करना पड़ी।  
             3 जनवरी को थाना कोतवाली राजगढ में फरियादी विष्णु प्रसाद मेवाड़े द्वारा सूचना दी गई कि उसके एसबीआई बैंक खाते से करीब 1 लाख 56 हजार रूपये धोखाधड़ी से निकाल लिये गये हैं, फरियादी की सूचना पर थाना कोतवाली की पुलिस टीम तत्काल एक्टिव होकर कड़ी से कड़ी जोड़कर सायबर पुलिसिंग के जरिये आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफल हुई। थाना प्रभारी कोतवाली राजगढ़ द्वारा उप निरीक्षक धर्मवीर पलैया के नेतृत्व में तत्काल एक टीम को आरोपियों की पहचान के लिये रवाना किया, टीम द्वारा कई क्षेत्रों के वीडियो फुटेज के आधार पर एवं सायबर सैल से जानकारी प्राप्त कर एक संदेही व्यक्ति को चिन्हित किया तथा उसकी गिरफतारी के प्रयासों में जुट गई और संदेही विपिन कुमार पिता उपेन्द्र कुमार निवासी साहोपुर जिला नवादा बिहार को बस स्टेण्ड राजगढ के पास से गिरफतार किया गया, संदेही से पूछताछ करने पर उसने पूरा खुलासा कर दिया आरोपी को उपरोक्त प्रकरण में विधिवत गिरफतार किया गया और आरोपी विपिन के कब्जे से एक काले रंग का डिवाईस, तीन एटीएम, आधार कार्ड तथा 1520 रूपये जप्त किये गये। 
           विपिन से और पूछताछ करने पर उसने घटना में प्रयुक्त वाहन सहित अन्य चार लोगों के बारे में बताया जो वर्तमान में बिहार तथा दिल्ली में होने के बारे में खुलासा किया, आरोपी विपिन की निशादेही पर अन्य आरोपी श्रवण कुमार पिता करियानंद निवासी ग्राम छतिहार, जिला नवादा बिहार को गिरफतार किया गया, आरोपी श्रवण के कब्जे से अपराध में प्रयोग की गई सफेद रंग की कार डीएल 1 जेड बी 3151 कीमती 6 लाख रुपये को विधिवत जप्त किया गया, अन्य आरोपियों की दिल्ली और बिहार में भी तलाश की गई, अन्य फरार आरोपियों की गिरफतारी भी जल्द ही की जावेगी। सभी आरोपी मूलतः बिहार के रहने वाले हैं जिन्होने आगरा ग्वालियर होते हुए राजगढ आना और रास्ते में कई और जगहों पर भी एटीएम में डिवाइस लगाकर धोखाधडी के जरिये पैसे निकालने की घटना करना कबूल किया है। उक्त घटनाओं के बारे में जानकारी निकाली जा रही है।