राज्यपाल ने शहीदों के परिजनों को किया सम्मानित, कहा- उनका सम्मान राष्ट्र का सम्मान

उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने राजभवन में एक समारोह में पुलवामा और कारगिल के शहीदों के परिजनों तथा राज्य आपदा राहत बल (एसडीआरएफ) के जवानों को सम्मानित किया। राज्यपाल ने विभिन्न शहीदों के परिजनों ओर एसडीआरएफ के जवानों को सम्मानित करने के बाद शहीदों को नमन करते हुए कहा कि शहीदों का सम्मान राष्ट्र का सम्मान है। यह भी सत्य है कि बड़े से बड़ा सम्मान भी शहीदों के बलिदानों का ऋण नहीं चुका सकता है। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड वीर सैनिकों के साथ ही वीर नारियों की भी भूमि है। वीर सैनिकों के बलिदान के साथ ही उनके परिजनों का संघर्ष, त्याग एवं समर्पण भी अमूल्य है। हम वीर नारियों की हिम्मत व धैर्य को भी प्रणाम करते हैं। शहीदों के सर्वोच्च बलिदान और वीर नारियों के त्याग तथा समर्पण को राष्ट्र सदैव याद रखेगा। बेबी रानी मोर्य ने कहा कि एसडीआरएफ की ओर से राज्य में आपदा प्रबन्धन के कार्यों में अहम भूमिका निभाई जा रही है। एसडीआरएफ की ओर से विषम परिस्थितयों में राहत और बचाव कार्यों को प्रभावी ढंग से सम्पन्न करना सराहनीय है। वहीं इस अवसर पर विधानसभा के अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि वीरभूमि उत्तराखंड का देश की रक्षा में महत्वपूर्ण योगदान है। हमारे वीर सैनिक और शहीद युवाओं को सेना में जाने के लिए प्रेरित करते हैं। आपदा संवेदनशील उत्तराखंड में राहत व बचाव कार्यों में एसडीआरएफ की महत्वपूर्ण भूमिका है। बीस सूत्रीय कार्यक्रम के उपाध्यक्ष नरेश बंसल ने कहा कि शहीदों को सम्मानित करना गौरवपूर्ण क्षण है। हमारे वीर सैनिक सभी के लिये प्रेरणा के स्रोत हैं।